भूल न जाना होली की ठिठोली में

रंगों की उड़ेगी बौछारघूमेंगे हुरियारी टोली मेंअबीर गुलाल की होगी बहारहोली की मस्त ठिठोली मेंभीगेंगे पानी में हमसबरंग बरसेगा चोली में गले मिलना शिकवे मिटानाभूल न जानाहोली की ठिठोली में खूनी होली खेल रहेआतंकी पड़ोस से आ केशहीद हो रहे सपूत भारत माँ केछाती पर गोली खा केतोप चलाओ मिसाइल दागोकुछ नहीं रखा वार्ता बोली में लेना है भीषण बदला उनसेभूल न जानाहोली की ठिठोली में जो भी दीखे लाचारगरीब

सुप्रसिद्ध साहित्यकार डॉ. उषा यादव को पद्मश्री

आगरा की गौरव, सुप्रसिद्ध साहित्यकार डॉ. उषा यादव को पद्मश्री अवार्ड के लिए चयन होने पर आज संस्थान संगम पत्रिका की ओर से उनका अभिनंदन किया गया। पत्रिका की समन्वयक डॉ शशि गोयल, संपादक डॉ अशोक अश्रु, कार्यकारी संपादक सर्वज्ञ शेखर ने डॉ उषा यादव के आवास पर उनको पुष्पगुच्छ, मणि माला व अंगवस्त्र से सम्मानित किया।डॉ यादव ने संस्थान संगम परिवार के प्रति आभार प्रकट किया व धन्यवाद स्वरूप

लघुकथा गोष्ठी

साहित्यिक एवं सांस्कृतिक पत्रिका संस्थान संगम के तत्वावधान में एक लघु कथा ऑडियो गोष्ठी का आयोजन किया गया ।गोष्ठी की अध्यक्षता की तुलसी साहित्य अकादमी भोपाल के अध्यक्ष डॉ मोहन तिवारी आनंद ने, व मुख्य अतिथि बेंगलुरु की वरिष्ठ साहित्यकार डॉ उषा श्रीवास्तव थी। गोष्ठी के प्रारंभ में सरस्वती वंदना की वरिष्ठ कवयित्री डॉ शशि तिवारी ने। संस्था का परिचय वरिष्ठ साहित्यकार डॉ राजेंद्र मिलन ने दिया एवं सभी का

सप्ताहांत: आओ! हम बनाएं, सकारात्मक वातावरण

लॉकडाउन में घरों में बंद रहने के कारण और कोरोना से संबंधित दुःखद खबरें देख-पढ़ कर ज्यादातर लोग अवसादग्रस्त हो रहे हैं। गुस्सा, चिड़चिड़ापन की शिकायतें आ रही हैं। ऐसी दशा में कुछ लोग आत्मघाती कदम भी उठा लेते हैं और अपने पूरे परिवार को तबाह कर लेते हैं। यह सब सकारात्मक वातावरण के अभाव में हो रहा है। यदि हम सकारात्मक वातावरण में रहें और सकारात्मक वातावरण न होने

संस्थान संगम की ऑनलाइन काव्यगोष्ठी

कोरोना के योद्धाओं को नमन, अभिनंदन,मजदूरों की दशा पर चिंता आगरा। साहित्यिक संस्था संस्थान संगम के तत्वावधान में ऑनलाइन ऑडियो कविगोष्ठी आयोजित की गई। गोष्ठी की अध्यक्षता कोटा के वरिष्ठ साहित्यकार रामेश्वर शर्मा रामू भैया ने की। मुख्य अतिथि थे दिल्ली के कर्नल प्रवीण त्रिपाठी। गोष्ठी में अमेरिका से डॉ शशि गुप्ता सहित बैंगलोर, कोटा, ग्वालियर, दिल्ली, मेरठ, भोपाल, आगरा के 50 से अधिक साहित्यकारों ने भाग लिया। गोष्ठी का

जिसकी अंटी में पैसा है उसकी होली है

आज देश के विख्यात व आगरा नगर के लब्धप्रतिष्ठ कवियों व शायरों के साथ मंच साझा करने का सौभाग्य प्राप्त हुआ। अवसर था भारतीय नाट्य कला मंच द्वारा नागरी प्रचारिणी के मानस भवन में आयोजित होली मिलन समारोह व काव्य गोष्ठी का। कार्यक्रम की अध्यक्षता की वरिष्ठ ग़ज़लकार, साहित्यकार डॉ त्रिमोहन तरल ने। मुख्य अतिथि थे प्रो. सोम ठाकुर। डॉ शशि तिवारी, अशोक रावत, राजकुमार रंजन, राजबहादुर राज, शिवशंकर शर्मा,

एक शाम अटल जी के नाम

प्रधान डाकघर प्रतापपुरा में साहित्य संगीत संगम द्वारा आयोजित कार्यक्रम की कुछ झलकियाँ। श्री सुशील सरित के कुशल संयोजन में सुविख्यात गजल गायक सुधीर नारायण ने अटल जी के गीतों की खूबसूरत प्रस्तुति दी।

इनक्रेडिबल इण्डिया फाउंडेशन एडवाइजरी बोर्ड में मनोनीत

एक और महत्वपूर्ण उत्तरदायित्व आगरा का सुविख्यात महोत्सव “ब्रज रत्नअवार्ड्स-2019” के आयोजकों इनक्रेडिबल इण्डिया फाउंडेशन ने अपने एडवाइजरी बोर्ड में मुझे Member: Board of Jury मनोनीत किया है। फाउंडेशन के चेयरमैन पूरन डाबर जी व महासचिव अजय शर्मा जी को हार्दिक धन्यवाद! – सर्वज्ञ शेखर

इन्दिरा कला संगीत विश्‍वविद्यालय – खैरागढ़ (छत्तीसगढ़)

जब राजनांदगांव (छत्तीसगढ़) आये ही हैं तो खैरागढ़ जाना कैसे भूल सकते थे। यहाँ विश्व विख्यात इन्दिरा कला संगीत विश्‍वविद्यालय है। इसकी स्‍थापना खैरागढ़ रियासत के 24वें राजा विरेन्‍द्र बहादुर सिंह तथा रानी पद्मावती देवी द्वारा अपनी राजकुमारी ‘इन्दिरा’ के नाम पर उनके जन्‍म दिवस 14 अक्‍टूबर 1956 को की गई थी। यहां ललित कलाओं के अंतर्गत गायन, वादन, नृत्‍य, नाट्य तथा दृश्‍य कलाआें की विधिवत् शिक्षा दी जाती है।